हिंदी जगत

भूत की तरह बेकाबू मन की दवा : गिरिधर कविराय

अरुणाकर पाण्डेय आज भारत और दुनिया में मानसिक रोग और उनके उपचार के लिए मनोवैज्ञानिक और मनोचिकित्सकों की मांग बढ़ रही है । लेकिन यदि हम अपने एक प्रसिद्ध मध्यकालीन…

selphee nepathy kee

सेल्फी नेपथ्य की 

समय के षडयंत्रो के साथ खड़े होकर अरुणेश मिश्र समय के षडयंत्रो के साथ खड़े होकर अपनी औकात से ज्यादा बड़े होकर हम भी लेंगे सेल्फी जबरन खिचवाएँगे उनके साथ…

baadal, chaand aur kav

बादल, चांद और कवि 

अरुणाकर पांडेय एक ऐसा बादल था जिसे अपने जीवन से घृणा थी ।इसका कारण उसका यह मानना था कि उसका जन्म संसार की जलने वाली वस्तुओं के ताप के कारण…

mittee kee maan

मिट्टी की मां

मिट्टी की मां ठाकुर प्रसाद मिश्र पंडित दीनानाथ एक मझोले किसान थे. उनके पास चार एकड़ जमीन थी. तीन बेटों में शंभू उनके साथ खेती किसानी में हाथ बंटाता था.…

Malina
shreeraam bhajan

श्रीराम भजन

ठाकुर प्रसाद मिश्र धनुहियां प्रभु की प्रीति बनी | मणि माणिक उर माल कौस्तुभ शोभा अधिक धनी | मंजु मुकुट मकराकृत कुंडल भृकुटि मनोज अनी | मनहर तिलक कंज वर…

साहित्यिक

साहित्यिक विभूतियों के स्मृति स्वरूप

अरुणाकर पाण्डेय किसी साहित्यिक विभूति को याद रखने का संभवतः सबसे अच्छा माध्यम उसका साहित्य ही हो सकता है क्योंकि वही उसकी सबसे बड़ी पहचान बनता है | यदि इतना…

सुरमयी शाम
jayadrath vadh ke ek prasang par

हे पार्थ ! प्रण पालन करो देखो अभी दिन शेष है

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर श्री मैथिलीशरण गुप्तजी की रचना जयद्रथ वध के एक प्रसंग पर अरुणाकर जी ने यह आलेख लिखा है जिसमें भगवान श्रीकृष्ण की भूमिका का उल्लेख…

Shri Krishna Aarti

श्रीकृष्ण आरती

श्रीकृष्ण आरती : आरति कीजै नंद ललन की लीलाधर प्रभु दुष्ट दलन की ठाकुर प्रसाद मिश्र आरति कीजै नंद ललन की लीलाधर प्रभु दुष्ट दलन की | अग जग देखि…